Breaking News

Big breaking:2023 के बाद Johnson & Johnson टेल्क पाउडर होगा बाजारों से गायब, पाउडर में कैंसर के लिए जिम्मेदार अवयव मिलने के बाद भरना पड़ा भारी जुर्माना,पूरी खबर पढिये@हिलवार्ता Good initiative : रामनगर स्थित public school ने उत्तराखंड के आजादी के नायकों की फ़ोटो गैलरी बनाकर की मिशाल कायम,खबर विस्तार से@हिलवार्ता Big Breaking: उत्तराखंड के लाल लक्ष्य सेन ने commenwealth games का स्वर्ण पदक जीत रचा इतिहास,पूरी खबर@हिलवार्ता उत्तराखंड : दुखद खबर: उत्तराखंड क्रांति दल के पूर्व कार्यकारी अध्यक्ष हरीश पाठक का निधन, पूरी जानकारी @हिलवार्ता Haldwani धरना अपडेट :सिटी मजिस्ट्रेट का आश्वासन, एक हप्ते में होगा समाधान ,जलभराव से निजात के लिए चल रहा धरना स्थगित,विधायक भी पहुँचे धरनास्थल,खबर@ हिलवार्ता
ख़बर शेयर करें -

कुमायूँ विश्वविद्यालय नैनीताल ने इतिहास विभाग द्वारा संचालित गांधी पीठ तथा महादेवी वर्मा सृजनपीठ का पुनर्गठन कर लिया है इस आशय का पत्र आज कुमायूँ विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. के एस राणा द्वारा जारी किया.
गांधी पीठ के लिए कुल 11 लोगों को नामित किया गया है जिसके पदेन अध्यक्ष स्वयं कुलपति के अलावा अप्रवासी भारतीय गांधी वादी उपाध्यक्ष ,संकाय अध्यक्ष कला एस एस जे परिसर ,सदस्य प्रो. जीएस नेगी निदेशक गांधी पीठ सचिव,डॉ रितेश साह सदस्य, नामित प्रख्यात गांधी वादी दिल्ली सदस्य ,प्रख्यात गांधीवादी अन्य प्रदेश सदस्य,नामित प्रख्यात गांधीवादी अप्रवासी भारतीय सदस्य, सहित कार्यपरिषद के सदस्य केवल सती को जगह दी गई है वित्त अधिकारी और कुल सचिव को भी नामित सदस्य बनाया गया है ।

इसके अलावा कुलपति ने आज महादेवी वर्मा श्रजनपीठ का भी पुनर्गठन किया है जिसमे स्वयं कुलपति पदेन अध्यक्ष , प्रो जे एस बिष्ट अग्रिम आदेश तक निदेशक, अरविंद पडियार कार्यपरिषद सदस्य कु 0 वि0,श्री डी एस पोखरिया पूर्व निदेशक,साहित्यकार कवि मंगलेश डबराल,डॉ हरिसुमंन बिष्ट,श्रीमती गीता गैरोला,को 2021 तक सदस्य, सहित अधिष्ठाता कला संकाय कु0वि0विभागाध्यक्ष हिंदी विभाग, कुल सचिव , वित्त अधिकारी को पदेन सदस्य बनाया गया है.

साथ ही आज कुलपति ने कला और विज्ञान संकायाध्यक्ष की भी घोषणा की है विज्ञान संकाय का जिम्मा रसायन विज्ञान विभाग डीएसबी परिसर के प्रोफेसर एस0पी0एस0 मेहता को जबकि कला संकाय का जिम्मा संस्कृत विभाग एस एस जे परिसर अलमोड़ा की प्रोफेसर पुष्पा अवस्थी को दिया गया है । दोनो को 1 जुलाई 2019 से कार्यभार ग्रहण करने को कहा गया है नियुक्ति तीन वर्ष के लिए है यदि दोनो प्रोफेसर की सेवानिवृत्त तिथि से पहले तक यानी जो तिथि पहले आये उस तिथि तक दोनो को जिम्मेदारी का निर्वहन करने को कहा गया है

ओपी पांडेय
@ Editors desk
Hillvart.com